कॉकरोच जनता पार्टी (CJP) ने 6 जून यानी आज दिल्ली के जंतर-मंतर पर एक बड़े विरोध प्रदर्शन का ऐलान किया है. यह संगठन पहली बार इस स्तर पर जंतर-मंतर में बड़ा पब्लिक प्रोग्राम कार्यक्रम करने जा रहा है. पार्टी के संस्थापक अभिजीत दीपके सुबह 8 बजे अमेरिका से दिल्ली पहुंचने वाले हैं. उनका कहना है कि प्रदर्शन शुरू होने से पहले वह पुलिस से जरूरी अनुमति और औपचारिक प्रक्रिया पूरी करेंगे. इसके बाद सुबह 9 बजे जंतर-मंतर पर प्रदर्शन शुरू करने की योजना है.

CJP के सोशल मीडिया प्लेटफॉर्म इंस्टाग्राम पर 2 करोड़ से अधिक फॉलोअर्स हैं. ऐसे में यह देखने वाली बात होगी कि इस प्रदर्शन में कितनी संख्या में लोग शामिल होते हैं. पार्टी का कहना है कि देश की शिक्षा व्यवस्था ने एक करोड़ से अधिक छात्रों को निराश किया है और उनके भविष्य को लेकर चिंता बढ़ा दी है. संगठन ने नीट पेपर लीक मामले से जुड़ी कथित गड़बड़ियों का भी उल्लेख किया है. इसके साथ ही हाल में हुई CBSE परीक्षाओं और OSM से जुड़े मुद्दों पर भी चिंता जताई गई है.

प्रदर्शन सभी लोगों के लिए- CJP

CJP ने पहले ही स्पष्ट किया था कि यह प्रदर्शन सभी लोगों के लिए खुला रहेगा, चाहे उनका किसी भी राजनीतिक दल से संबंध हो. संगठन ने देशभर के छात्रों, उनके अभिभावकों और युवाओं से शांतिपूर्ण तरीके से इस आंदोलन में शामिल होने की अपील की है. प्रदर्शन से एक दिन पहले CJP के प्रवक्ता आशुतोष रांका और वरुण दास ने एक वीडियो जारी किया. उन्होंने कहा कि अब वह दिन आ गया है जब लोग जंतर-मंतर पर जमा होकर शिक्षा व्यवस्था में बदलाव की मांग करेंगे. उन्होंने कहा कि उनका मकसद लोकतांत्रिक तरीके से अपनी बात रखना है ताकि उनकी आवाज को नजरअंदाज न किया जाए.

CJP की प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी से अपील

CJP के प्रवक्ता आशुतोष रांका और वरुण दास ने बताया कि अभिजीत दीपके पहले एयरपोर्ट पहुंचेंगे और वहां से पुलिस से सहयोग और आवश्यक अनुमति मांगेंगे. सभी कानूनी प्रक्रियाओं का पालन करने के बाद वे जंतर-मंतर जाएंगे और शांतिपूर्ण तरीके से अपना विरोध दर्ज कराएंगे. उन्होंने कहा कि यह आंदोलन पूरी तरह लोकतांत्रिक, शांतिपूर्ण और सद्भावना के साथ किया जाएगा. CJP के नेताओं ने यह भी कहा कि देश में छात्र परेशान हैं और पिछले एक महीने में छह छात्रों द्वारा आत्महत्या किए जाने का जिक्र करते हुए उन्होंने शिक्षा मंत्री धर्मेंद्र प्रधान को पद से हटाने की मांग की. उन्होंने प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी से अपील की कि शिक्षा व्यवस्था में लोगों का भरोसा वापस लाने के लिए इस विषय पर कदम उठाया जाए.

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By admin